maneka-gandhi3नई दिल्ली। यूपी के उपचुनावों में बीजेपी को मिली करारी हार के बाद अब पार्टी के नेताओं में इसके कारणों को लेकर बयानबाजी शुरू हो गई है। पार्टी नेता और कैबिनेट मंत्री मेनका गांधी ने राज्य में बीजेपी की स्थिति सुधारने के लिए वरुण गांधी को वापस लाने की मांग की है।
गौरतलब है कि मेनका यूपी के सीएम कैंडीडेट के लिए वरुण गांधी का नाम आगे कर चुकी हैं लेकिन पार्टी को उनका ये सुझाव पसंद नहीं आया। यहां तक कि नए अध्यक्ष अमित शाह ने जब अपनी टीम बनाई तो वरुण की महासचिव पद से छुट्टी भी कर दी। अब उपचुनावों में हार के बाद मेनका ने फिर से अपने पुत्र की वापसी की वकालत की है और उनके कैंपेन से बाहर रहने को हार का कारण बताया है।
कल आए उपचुनाव के नतीजों में बीजेपी को उसके द्वारा खाली की गईं 11 विधानसभा सीटों में से महज तीन पर ही दोबारा जीत मिल सकी। इसे प्रदेश में उपचुनावों की कमान संभाल रहे योगी आदित्यनाथ और खुद राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की नाकामी के तौर पर देखा जा रहा है। आज जब मेनका से इन नतीजों पर प्रतिक्रिया पूछी गई तो उनका कहना था कि शायद हमें वरुण को वापस लाना चाहिए।
अपने मंत्रालय की 100 दिन की उपलब्धियों की जानकारी देने के लिए आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में लव जेहाद के संबंध में पूछे गए सवाल पर मेनका ने कहा कि मंत्री के नाते तो उनके समक्ष किसी ने इस बारे में कोई औपचारिक शिकायत नहीं की है।
मेनका ने बताया कि उनके संसदीय क्षेत्र की जनता उनसे मिलने आती है और उसने इस प्रकार के सात आठ मामलों की जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि होने के नाते उनके संसदीय क्षेत्र पीलीभीत की जनता उनसे मिलने आती है और उस दौरान कई लोगों ने इस प्रकार की चर्चा की है।
उन्होंने बताया इस प्रकार के मामले उनके सामने उठाये गए हैं। गौरतलब है कि केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने भी लव जेहाद के बारे में पूछे जाने पर पूरी तरह अनिभज्ञता जताई थी। उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी के उपचुनाव के लिए प्रभारी गोरखपुर से सांसद योगी आदित्यनाथ ने चुनाव प्रचार के दौरान लव जेहाद का मसला काफी जोरशोर से उठाया था।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.