lucknow-university-students-5287ce50efd3c_exlएक अच्छा करिअर यूं ही नहीं मिलता, उसके लिए बहुत मेहनत और लगन की जरूरत होती है। इससे भी जरूरी है, सही प्लानिंग। कोई भी जॉब या करिअर में सफलता रातों-रात नहीं मिल जाती, बल्कि उसके लिए आपको सही प्लानिंग करनी पड़ती है और उसे फॉलो भी करना पड़ता है… करिअर बनाने के लिए सही प्लानिंग की बहुत जरूरत है। सही प्लानिंग लक्ष्य निर्धारित करने और उसे हासिल करने में बहुत मददगार होती है। वास्तव में करिअर से जुड़े कई सवाल उलझन में डाल देते हैं, जैसे-अच्छी जॉब पाने के लिए कौन-सा फील्ड चुनें? मेरे लिए कौन-सा ऑप्शन सही रहेगा? क्या अगर मैं ये ऑप्शन चुन लूं, तो सक्सेसफुल हो पाऊंगा? आमतौर पर हजारों कॅरियर ऑप्शंस के बीच अपने लिए एक अच्छा करिअर चुनना मुश्किल काम है। इन समस्याओं से दूर रहने का सबसे अच्छा तरीका है कॅरियर की सही प्लानिंग।
पहले गुणों को पहचानें
कोई भी करिअर चुनने से पहले अपनी वैल्यूज, इंटरेस्ट और स्किल्स के बारे में जानें। साथ ही अपने व्यक्तित्व के गुणों की पहचान भी करें। इससे आप आसानी से ये जान पाएंगे कि कैसा और किस फील्ड का करिअर आपके लिए सही रहेगा और कौन-सा गलत। इसके लिए आप सेल्फ एसेसमेंट टूल्स जैसे करिअर टेस्ट का भी इस्तेमाल कर सकते हैं, जो इंटरनेट पर आसानी से मिल जाता है या फिर आप करिअर काउंसलर के पास भी जा सकते हैं।

विजन है जरूरी
करिअर प्लानिंग का सबसे महत्वपूर्ण भाग आपका विजन होता है। यह जानना बेहद जरूरी है कि आप क्या बनना चाहते हैं और असल में क्या हासिल करना चाहते हैं। एक लांग टर्म विजन होना बहुत जरूरी है, पर ये भी इतना ही जरूरी हैं कि आप अपने शार्ट टर्म गोल्स को लांग टर्म विजन के हिसाब से ही डिसाइड करें। सही करिअर प्लानिंग के साथ-साथ यह भी जरूरी है कि इसे सही वक्तपर प्लान किया जाए।

जितनी जल्दी, उतना अच्छा
जीवन में जल्दी करिअर प्लान करना सही साबित होता है। इससे आपके पास प्लानिंग को फॉलो करने के लिए काफी समय होता है। इस प्रक्रिया में आप ज्यादा से ज्यादा सीख सकते हैं और अपने करिअर से जुड़ी बारीकियों को समझ सकते हैं। करिअर प्लानिंग कोई ऐसी चीज नहीं है कि एक बार प्लानिंग कर ली और बस हो गया। आपको हमेशा सही दिशा चुननी होती है। खासतौर पर तब, जब आप प्रैक्टिकली उस फील्ड मे आ चुके हों। इसके बाद सही वक्त पर सही फैसले लेने होते हैं। अगर आपने करिअर प्लानिंग में बहुत देर कर दी है, तो इसका मतलब यह नहीं है कि अब आपके पास कोई रास्ता नहीं बचा।
छोटी, लेकिन काम की बातें
करिअर प्लान करते हुए अपने फील्ड से जुड़ी सभी छोटी-बड़ी बातों का पूरा ध्यान रखना चाहिए। जॉब से जुड़ी डिटेल्स और जरूरतों को समझना, उस फील्ड से जुड़े आधुनिक बदलाव, अवसरों और सैलरी स्ट्रक्चर आदि के बारे में सही समझ होनी चाहिए। ये सभी बातें बहुत जरूरी होती हैं। व्यक्तित्व विकास, करिअर प्लानिंग और करिअर ग्रोथ जैसे मामलों में निजी फैसलों के अलावा एंप्लॉयर की भूमिका भी बहुत अहम होती है। कम्पनियों द्वारा चलाए जाने वाले स्किल एनहेंसमेंट प्रोगाम्स एंप्लॉइज के लिए बहुत अच्छे साबित होते हैं, इससे न सिर्फ उनका एक्सपोजर बढ़ता है, बल्कि जॉब में भी आसानी होती है।

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