सोशल माडिया पर बीएसएफ में खराब खाने की शिकायत करने वाले जवान तेज बहादुर यादव की पत्नी की पिटीशन पर सुनवाई करते हुए दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को अहम फैसला सुनाया। हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा कि यादव की पत्नी शर्मिला को उससे मिलने की इजाजत दी जाए। कोर्ट ने ये भी कहा कि शर्मिला चाहें तो 2 दिन पति के साथ रह सकती हैं।

बता दें कि पिछले महीने तेज बहादुर ने फोर्स में कथित तौर पर खराब खाना दिए जाने और इसमें भ्रष्टाचार की शिकायत की थी। इसके वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किए थे। 31 जनवरी को जवान का वीआरएस होना था, जिसे बीएसएफ ने कैंसल कर दिया। शर्मिला ने पति की गिरफ्तारी का आरोप लगाया था।

शर्मिला ने हाईकोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण पिटिशन (habeas corpus) दायर की। कहा, ”मेरे पति लापता हैं। फैमिली परेशान है। उनसे कॉन्टैक्ट नहीं कर पा रहे हैं।” इस मामले की अगली सुनवाई 15 फरवरी को होगी। यादव की फैमिली ने बताया कि उन्होंने बीएसएफ डायरेक्टर जनरल को 2 लेटर लिखकर जवान के बारे में जानकारी मांगी थी लेकिन किसी का जवाब नहीं आया।

शुक्रवार को होम मिनिस्ट्री की ओर से कोर्ट में बताया गया कि तेज बहादुर गायब नहीं है और ना ही उन्हें गैर-कानूनी तरीके से रखा है। उसे सांबा जिले की दूसरी बटालियन में शिफ्ट किया है। हालांकि, पहले बीएसएफ ने कहा था कि यादव की VRS एप्लीकेशन को कैंसल कर दिया है, क्योंकि जवान के खिलाफ कोर्ट ऑफ इंक्वायरी पेंडिंग है।

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