दिल्ली – कांग्रेस के सीनियर नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम आईएनएक्स मीडिया केस में प्रवर्तन निदेशालय और सीबीआई की जांच का सामना कर रहे हैं. चिदंबरम को तिहाड़ जेल में रहते हुए 100 दिनों से ज्यादा वक्त हो चुका है. जेल से जुड़े सूत्रों का कहना है कि चिदंबरम जेल में अपना ज्यादा से ज्यादा वक्त किताबें पढ़ने या फिर डायरी लिखने में बिताते हैं. इसके अलावा वह कैदियों को कानूनी सलाह भी देते हैं.

अंग्रेजी अखबार ‘द टेलिग्राफ’ ने एक रिपोर्ट में ये जानकारी दी है. जेल के एक सीनियर अधिकारी के हवाले से अखबार ने लिखा कि चिदंबरम जेल अधिकारियों और स्टाफ के साथ विनम्र व्यवहार करते हैं. उनका ज्यादातर समय किताबें या अखबार पढ़ने में गुजरता है. शाम के वक्त वे डायरी लिखते हैं. कई साथी कैदियों को उन्होंने कानूनी सलाह भी दी है.

रिपोर्ट के मुताबिक, चिदंबरम जेल स्टाफ से देश-दुनिया की घटनाओं पर चर्चा भी करते हैं. वे ज्यादातर अर्थव्यवस्था, बढ़ती बेरोजगारी, देश की मौजूदा हालत, कथित बदले की राजनीति पर अपनी राय रखते हैं. यही नहीं, यूपीए सरकार में वित्त मंत्री और गृह मंत्री रह चुके चिदंबरम अपने केस पर भी चर्चा करते हैं.

आईएनएक्स मीडिया केस में सीबीआई ने पूर्व वित्तमंत्री पी. चिदंबरम को 21 अगस्त को गिरफ्तार किया गया था. पूछताछ के बाद उन्हें 6 सितंबर को तिहाड़ जेल भेज दिया गया था. एयरसेल मैक्सिस केस में उन्हें बेटे कार्ति के साथ जमानत मिल चुकी है. वहीं, आईएनएक्स केस में चिदंबरम की जमानत याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है.

जेल सूत्रों के मुताबिक, चिदंबरम को तिहाड़ के जेल नंबर 7 के सेल में अकेले रखा गया है. उनका सेल 15 फीट लंबा और 10 फीट चौड़ा है. उनके सेल में बेड, तकिया, टीवी और कमोड की सुविधा है. दूसरे कैदियों की तरह पी. चिदंबरम को जेल की लाइब्रेरी का इस्तेमाल करने की भी सुविधा दी गई है.

रिपोर्ट के मुताबिक, चिदंबरम सुबह-शाम जेल परिसर में वॉक करते हैं. जेल सूत्रों के मुताबिक, चिदंबरम का वजन काफी घट गया है. पिछली सुनवाई में वकील ने कोर्ट से कहा था कि चिदंबरम क्रोहन्स बीमारी से पीड़ित हैं. इस बीमारी में पाचन नली में जलन, पेट दर्द, डायरिया और वजन कम होने जैसी समस्या होती है. जेल में रहते हुए चिदंबरम को दो बार एम्स में दिखाया गया है.

रिपोर्ट – न्यूज नेटवर्क 24

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