दिल की दवा दिल की बीमारी ठीक करने के साथ ही इंसानों में भूलने की बीमारी को भी ठीक कर सकती है। एक हालिया शोध में यह दावा किया गया है कि कोलेस्ट्रॉल व रक्तचाप की दवाओं के संयोजन से इंसान में डिमेंशिया के खतरे को भी कम किया जा सकता है।

दवाओं के संयोजन से मिलेगा निदान :
विचाराधीन दवाओं में दो सामान्य प्रकार की रक्तचाप की दवाएं जैसे एसीई इनहिबिटर और एंजियोटेंसिन दो रिसेप्टर ब्लॉकर्स (एआरबी) शामिल होती हैं। साथ ही इसमें कोलेस्ट्रॉल कम करने वाले स्टैटिन भी होते हैं। यूनिवर्सिटी ऑफ सर्दर्न कैलिफोर्निया के शोधकर्ता डगलस बर्थोल्ड ने कहा कि यह पहले से ही पता है कि स्वस्थ हृदय के लिए रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रण में रखना बहुत जरूरी है। अध्ययन से पता चलता है कि कुछ दवाओं के संयोजन से भी अल्जाइमर का निदान पाया जा सकता है।

ऐसे किया गया अध्ययन-
इस अध्ययन में यूएससी के शोधकर्ता जूली जिसिमोपोलोस ने लगभग 7,00,000 ऐसे लोगों पर अध्ययन किया जो 2007-2014 के बीच कोई न कोई चिकित्सकीय लाभ ले रहे थे। ज्यादातर प्रतिभागियों की उम्र 67 या उससे अधिक थी और वे पिछले दो वर्षों से उच्च रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल की दवाओं का सेवन कर रहे थे। इनमें से किसी का डिमेंशिया का इलाज नहीं हुआ था और न ही अल्जाइमर की किसी दवा का सेवन कर रहे थे।

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