अकबरपुर, अम्बेडकर नगर-  नगर कलेक्ट्रेट गेट के बाहर भारतीय किसान यूनियन के लोगों ने किसान की समस्याओं का समाधान के संबंध में धरना दिया। जिसके मुख्य अतिथि प्रदेश अध्यक्ष राजवीर सिंह वा जिला अध्यक्ष मंडल उपाध्यक्ष सहित आदि लोग मौजूदा रहे। योगी सरकार को अवगत कराना है प्रदेश के किसान काफी समय समय जूझ रहे हैं। उत्तर प्रदेश में प्रत्येक किसान परिवार की आमदनी लगभग प्रतिमाह 4000 है।

वर्तमान में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को बिजली बिल वृद्धि का निर्णय किसान के हितों पर कठोरघात है। 4000 में एक परिवार का पालन बहुत असंभव काम है। उत्तर प्रदेश सरकार के लघु और सीमांत किसान को छोड़ने के लिए तैयार हैं। अगर उन्हें कोई दूसरा अवसर मिले उत्तर प्रदेश सरकार पिछले 2 साल से बिजली बिल की में रिकॉर्ड वृद्धि की है 2 गुना से अधिक किसानों की गन्ना एवं दूसरी फसलों के दाम में अनुपात नहीं बढ़ा है।

आज उत्तर प्रदेश की सभी तहसील मुख्यालय पर भारतीय किसान यूनियन के धरना प्रदर्शन से भारतीय किसानों का निम्न समस्याओं का समाधान के लिए मांग करती है। ग्रामीण क्षेत्रों एवं नलकूप दरों की गई वृद्धि वापस लेकर बिजली दरों को कम किया जाए सात राज्यों के तर्ज उत्तर प्रदेश किसानों के भी बिजली सिंचाई भी निशुल्क दी जाए। समान योजना के अंतर्गत निजी नलकूप के कनेक्शन लाइन की लंबाई 300 मीटर घटाकर 190 मीटर दी गई जिससे किसान को अत्यधिक भार पड़ रहा है समान योजना के अंतर्गत कनेक्शन पर दी जाने वाली सब्सिडी दी जाये। स्वीकृत सामान्य योजना की निजी नलकूप कनेक्शन के समाधान किया जाए।

गन्ना भुगतान होने तक किसानों का बकाया के कारण बिजली विभाग द्वारा चोरी का रिपोर्ट न कराया जाए। सरकार द्वारा निर्धारित समय सीमा के उपरांत उत्तर उत्तर प्रदेश किसानों का गन्ना का भुगतान अविलंब कराए जाएं गन्ना बकाया भुगतान न होने के कारण चीनी मिलों के विरुद्ध प्राथमिक रिपोर्ट दर्ज कराई जाए। प्रदेश में मोटरयान अधिनियम के 26 वें संशोधन की अन्य सूची 9 के स्कूली अधिनियम बदलाव अगले शिक्षा सत्र में लागू की जाए। प्रदेश में चकबंदी में कार्यों में पारदर्शी लाई जाए एवं कर्मचारियों की उपलब्धिता के आधार पर ही नये गांवों के चकबंदी प्रक्रिया प्रारंभ की जाए।

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