पटना: बिहार के पश्चिमी चंपारण जिले में पिछले कुछ दिनों में जहरीली शराब पीने से कम से कम 16 लोगों की मौत हो गई है। अधिकारियों ने बताया कि 12 से ज्यादा लोगों को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने इस घटना को लेकर नीतीश कुमार सरकार पर निशाना साधा है।
तेजस्वी ने शनिवार को कहा “सीएम नीतीश कुमार बिहार में शराब माफिया के संरक्षक हैं। वह शराब माफिया को बिहार में तस्करी, व्यापार और बिक्री की अनुमति देते रहे हैं और उनकी पुलिस कथित मामलों में गरीब और निर्दोष लोगों परोममले दर्ज करती है। वे गरीब और दलित लोगों को बिहार की जेलों में डाल रहे है।” कांग्रेस नेता और बिहार के प्रभारी भक्त चरण दास ने बेतिया शराब घटना की ‘समानांतर जांच’ शुरू करने का फैसला किया है।
दास ने कहा “हम बेतिया (पश्चिम चंपारण जिले में) में अलग से घटना की जांच करने और वास्तविक कारणों और मरने वालों की संख्या का पता लगाने के लिए एक समर्पित टीम भेजेंगे। टीम के सदस्य मृतक के परिवारों से मिलेंगे। स्थानीय पुलिस तथ्यों और कारणों को छिपाने की कोशिश कर रही है।” दास ने कहा, “यह इलाका डिप्टी सीएम रेणु देवी का है। उन्हें लौरिया ब्लॉक के प्रभावित गांवों का दौरा करना चाहिए और मृतक परिवारों से मिलना चाहिए।”
मंगलवार की शाम ग्रामीणों द्वारा जहरीली शराब पीने और बीमार होने के बाद देउरवा और आसपास के गांवों में जहरीली शराब का मामला सामने आया। गुरुवार को पहली मौत की सूचना मिली थी। देउरवा गांव के निवासियों ने आरोप लगाया कि गांव में खुलेआम शराब की बिक्री हो रही है और आसपास के गांवों के लोग भी वहां शराब खरीदने आते हैं।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.