राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सहयोगी पीएमके ने केंद्र सरकार से पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद शुल्क वृद्धि वापस लेने की आज मांग की। पीएमके ने कहा कि वह चाहती है कि पेट्रोलियम उत्पादों की घरेलू कीमतों पर वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का असर दिखे। पीएमके के संस्थापक एस़ रामदास ने आज कहा कि शुल्क वृद्धि से गरीब और मध्यम वर्ग के लोग प्रभावित होंगे।

उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार ने कल पेट्रोल पर 2.25 रपये और डीजल पर एक रुपये प्रति लीटर उत्पाद शुल्क बढ़ा दिया। यदि सरकार राजकोषीय घाटे से निपटना चाहती है तो वह बड़े उद्योगपतियों को दी जा रही रियायतों में कटौती कर सकती है और सरकारी खर्चों को नियंत्रित कर सकती है। इस तरह के उपाय करने के बजाय सामाजिक क्षेत्रों के लिए आबंटन 40,000 करोड़ रुपये तक घटाने से दीर्घकालीन में कोई खास फायदा नहीं होगा।petrol

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