the cabinet has approved reappointment of tushar mehta as solicitor general of india

केंद्र सरकार ने भारत के अटॉर्नी जनरल के के. वेणुगोपाल व सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता की एक बार फिर से नियुक्त बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। केंद्रीय मंत्रीमंडल ने सोमवार को सॉलिसिटर के पद पर तैनात तुषार मेहता का कार्यकाल तीन साल के लिए बढ़ा दिया है। अब वह भारत सरकार की तरफ से तीन साल तक उच्चतम न्यायालय में पैरवी करेंगे। इसके साथ ही अटॉर्नी जनरल वेणुगोपाल का एक साल के लिए कार्यकाल बढ़ा दिया गया है। केंद्रीय कैबिनेट ने सोमवार की शाम को उच्चतम न्यायालय में कई कानून अधिकारियों में बड़ा फेरबदल किया है।
इनके अलावा वरिष्ठ अधिवक्ता केके वेणुगोपाल को देश के अटॉर्नी जनरल के पद पर एक वर्ष के लिए फिर से नियुक्त किया गया है।

इसके अलावा सात एडिशनल सॉलिसिटर जनरल को केंद्र सरकार ने फिर से नियुक्ति कर दिया है। इसमें 11 वकीलों को एडिशनल सॉलिसिटर जनरल नियुक्त किया गया है। इनमें उत्तर प्रदेश की एडिशनल एडवोकेट जनरल ऐश्वर्या भाटी भी शामिल हैं। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने वरिष्ठ अधिवक्ता पिंकी आनंद और एएनएस नादकर्णी को अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल के पद से हटा दिया है। सरकार ने उनकी जगह पर अब केंद्र ने विक्रमजीत बनर्जी, अमन लेखी, माधवी दीवान, केएम नटराज और संजय जैन को तीन साल के लिए अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल नियुक्त किया है। सरकार ने तरफ से नियुक्ति किए सभी वकीलों का नया कार्यकाल एक जुलाई से शुरू होगा। सरकार ने इसके साथ ही सरकार ने छह वरिष्ठ वकीलों बलवीर सिंह, सूर्य प्रकाश वी राजू, रुपिंदर सिंह सूरी, एन वेंकटरमन, जयंत के सूद और ऐश्वर्या भाटी को नया एडिशनल सॉलिसिटर जनरल नियुक्त करने का निर्णय लिया है।

केंद्रीय कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने हाई कोर्ट के लिए भी पांच अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल की नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। सरकार की तरफ से नियुक्ति किए गए अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल में कलकत्ता हाई कोर्ट के लिए वाईजे दस्तूर, दिल्ली हाई कोर्ट के लिए चेतन शर्मा, मद्रास हाई कोर्ट के लिए आर शंकरनारायणन, पटना हाई कोर्ट के लिए डॉ. कृष्ण नंदन सिंह और गुजरात हाई कोर्ट के लिए देवांग गिरीश व्यास शामिल हैं। नियुक्ति समिति ने मुंबई और पंजाब हाई कोर्ट में केंद्र सरकार की पैरवी के लिए मौजूदा एडिशनल सॉलिसिटर जनरल को पुन: नियुक्त किया गया है।

 

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