विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के प्रमुख ने फिर चेतावनी दी है कि कोरोना वायरस महामारी की स्थिति वैश्विक स्तर पर और बिगड़ती जा रही है। वहीं, यूरोप में स्थिति में सुधार हो रहा है।

सोमवार को एक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान WHO प्रमुख टेड्रोस अधानोम घेब्रेयेसस ने बताया कि रविवार को आए 75% मामले अमेरिका और दक्षिणी एशिया के दस देशों से आए थे। पिछले दस दिनों में नौ देशों से एक लाख से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं। वहीं, रविवार को 1,35,000 मामले सामने आए, जो अब तक सबसे ज्यादा हैं।

टेड्रोस ने कहा कि अफ्रीका के कई देशों में वायरस के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। यहां तक कि कई देशों में मामले एक हजार से भी कम हैं लेकिन इसके बावजूद यह संख्या बढ़ रही है। डब्ल्यूएचओ ने कहा कि इसी दौरान दुनिया के कई कई देशों में कोरोना वायरस के मामलों में कुछ सकारात्मक संकेत भी दिख रहे हैं।

‘भारत में अभी कोरोना का ‘विस्फोट’ नहीं’

वहीं, विश्व स्वास्थ्य संगठन के एक बड़े एक्सपर्ट ने कहा है कि भारत में अभी कोरोना का विस्फोट नहीं हुआ है, लेकिन ऐसा होने का खतरा बरकरार है। मार्च में लागू किए लॉकडाउन को खत्म किया जा रहा है और ऐसे में कोरोना केसों की संख्या तेजी से बढ़ सकती है। WHO हेल्थ इमर्जेंसी प्रोग्राम के एग्जीक्युटिव डायरेक्टर माइकल रेयान ने पिछले शुक्रवार को कहा कि इस समय भारत में डबलिंग रेट करीब 3 सप्ताह है। उन्होंने कहा, ‘इसलिए महामारी की दिशा अभी घातांकीय नहीं है, लेकिन यह बढ़ रही है।’ इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि भारत में महामारी का असर देश के विभिन्न हिस्सों में अलग-अलग है। शहरी और ग्रामीण इलाकों में हालात अलग हैं।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.