यह पोस्ट मित्र संजीव अग्निहोत्री की वाल से ली गयी है. मैंने इसे हिन्दी में अनुवाद भर किया है.
यह बता देना चाहता हूँ, संजीव अग्नीहोत्री देश के जाने-माने वकील हैं.
भारत सरकार के योजना आयोग की तेंदुलकर समिति की रिपोर्ट के अनुसार-
१. 1463929_656359921083542_1115644315_n गरीबी सर्वाधिक है.
२. चार लाख किसानों के घर अब तक बिजली नहीं है.
३. 9829 भूमिहीन मजदूर , 5447 किसान, 919 मजदूरों ने अब तक आत्महत्या की है.
४. प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में 34% चिकित्सकों की कमी है.
५. प्रदेश के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में 94% बाल रोग और प्रसूति रोग विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी है.
६. पांच साल से कम उम्र की बालिका मरतु दर 37% है जबकि राष्ट्रीय स्तर पर यह दर 34% है. आँध्रप्रदेश में यह दर २०% है और महाराष्ट्र में यह दर 34% है.
७. वाइब्रेंट गुजरात का शिक्षा के खेत्र में यह योगदान है की स्कूल छोड़कर जाने वाले बच्चों की दर 58% है जबकि राष्ट्रीय स्तर पर यही दर 49% है.
८. शिक्षक-अध्यापक अनुपात गुजरात में 52 प्रति अध्यापक है जबकि राष्ट्रीय स्तर पर यह दर 34 प्रति अध्यापक है.
९. कक्षा 1 पूरा ना कर पाने वाले दलितों की दर 27% प्रति वर्ष है जबकि राष्ट्रीय स्तर पर प्रत्येक वर्ष यह दर एक प्रतिशत बढ़ रही है.
१०. इसी तरह प्रत्येक वर्ष उच्च शिक्षा में शामिल होने वाले छात्रों की दर गुजरात में 17.6% है जबकि राष्ट्रीय स्तर पर यह दर 2०.4% है.
…………..यह सब भाजपा के संभावित प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के गुजरात में हो रहा है

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.