कोरोना वायरस से लड़ने के लिए पीपीई (पर्सनल प्रोटेक्शन इक्यूपमेंट) डॉक्टरों के लिए जरूरी है। पर इनका पुन: इस्तेमाल न हो सकने के कारण इनकी भारी कमी है। अब ब्रिटेन के कुछ वैज्ञानिकों ने 100 बार तक इस्तेमाल किए जा सकने वाले पीपीई का निर्माण किया है। इससे दुनिया में पीपीई की कमी का दीर्घकालिक समाधान हो सकेगा।

ब्रिटिश वैज्ञानिकों और निर्माताओं ने मौजूदा विकल्प के रूप में नया डिजाइन तैयार किया है। इसे पैराशूट के फैब्रिक से बनाया गया है। इसमें चेहरे को पूरी तरह ढंकने वाला सुरक्षात्मक कवच होगा। साथ ही शरीर के लिए सर्जिकल गाउन अलग से होगा। इस पीपीई में कुछ चीजों को बदलकर दोबारा पहना जा सकेगा। इसे डर्बीशायर में महिलाओं की फैशन फर्म डेविड नीपर ने तैयार किया है। कंपन्नी के मुख्य कार्यकारी ने कहा है कि अगर इन्हें 100 बार इस्तेमाल किया जाए तो 12.5 लाख डिस्पोजेबल गाउन की बचत होगी।

वहीं, ब्रिटेन के लगभग आधे डॉक्टरों को पीपीई किट नहीं मिल रही है। सरकार की ओर से व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण नहीं मिलने से डॉक्टरों ने मजबूरी में खरीदा या उन्हें दान पर निर्भर रहना पड़ा। इसका खुलासा ब्रिटिश मेडिकल एसोसिएशन के एक सर्वेक्षण में हुआ, जिसमें 16,000 से अधिक डॉक्टर शामिल हुए। सर्वेक्षण 28 से 30 अप्रैल के बीच किया गया। जब डॉक्टरों से पूछा गया कि वे कार्य के दौरान खुद को सुरक्षित महसूस करते हैं, तो 65 फीसदी ने कहा कि वे आंशिक रूप से या बिलकुल भी सुरक्षित महसूस नहीं करते।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.