इटली-स्पेन और अन्य यूरोपीय देशों में कोरोना से काफी लोगों की मौत हो चुकी है। वहां ज्यादातर लोग संक्रमण की चपेट में हैं लेकिन मृत्युदर बेल्जियम में सबसे ज्यादा है। ऐसा इसलिए क्योंकि बेल्जियम ने लक्षण वाली सभी मौतें रिकॉर्ड में दर्ज कीं भले ही उनमें संक्रमण की पुष्टि हुई हो या नहीं, जबकि कई देशों पर आंकड़े छुपाने के आरोप हैं।

क्यों बदले आंकड़े : कुछ देश सिर्फ उन मरीजों का ही टेस्ट कर रहे हैं, जिनकी हालत ज्यादा खराब है और उन्हें अस्पताल ले जाया जा रहा है। जिनमें लक्षण नजर आ रहे हैं, उनकी जांच अभी नहीं कर रहे हैं। ब्रिटेन समेत कई यूरोपीय देशों ने इस पद्धति का सहारा लिया। इसीलिए ऐसे देशों में मृत्यु दर जर्मनी-दक्षिण कोरिया समेत उन देशों के मुकाबले ज्यादा है, जहां बड़े पैमाने पर कोरोना की जांच चल रही है। कहा जा रहा है कि कई देशों में जो आंकड़े हैं, मौतों की दर उससे ज्यादा है।

कई देश छुपा रहे संख्या : बेल्जियम में सार्वजनिक-स्वास्थ्य संस्थान के प्रमुख स्टीवन वान गुच्च ने कहा कि ये ऐसे देश हैं जो मामले रिपोर्ट नहीं कर रहे हैं या जो कम संख्या में रिपोर्ट कर रहे हैं।

अमेरिका सबसे ज्यादा प्रभावित :: 
सबसे ज्यादा मौत अमेरिका में हुई है। यहां मौत की कुल संख्या पचास हजार के पार पहुंच गई है। इसके बाद इटली सबसे ज्यादा प्रभावित देश है। यहां 26 हजार लोगों की मौत कोरोना वायरस से हो चुकी है। अमेरिका में पिछले 24 घंटों के दौरान कोरोना वायरस संक्रमण से 3,332 लोगों की मौत हो गई।

10 अप्रैल से 25 अप्रैल के बीच एक लाख लोगों की मौत 
तारीख : मरने वालों की संख्या
10 फरवरी : 1,115
01 अप्रैल : 51,303
10 अप्रैल : 1, 05, 979
17 अप्रैल : 1, 53, 915
25 अप्रैल : 1,97,846

 एक दिन में सबसे ज्यादा मौत
17 अप्रैल को दुनियाभर में 8,341 लोगों की मौत हुई थी जो एक दिन में सबसे ज्यादा थी।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.